Share this page on following platforms.
Download Bhajan as .txt File Download Bhajan as IMAGE File

मोहे आन मिलो श्याम, बहुत दिन बीत गए।
बहुत दिन बीत गए, बहुत युग बीत गए ॥

मोहे आन मिलो श्याम, बहुत दिन बीत गए।
बहुत दिन बीत गए, बहुत युग बीत गए ॥

राह तकत के हारी अँखिआ, फिर भी आस लगाए यह अँखिआ ।
अब आई जीवन की श्याम, बहुत दिन बीत गए ॥

राधा की अँखियन के तारे, मन हर मोहन नन्द दुलारे,
मेरे मन में बस जाओ श्याम, बहुत दिन बीत गए ॥

ओ चित्त चोर मुरलिया बजा दे, तन मन की सुध बुध बिसरा दे ।
तुम भक्तो के हो सुखधाम, बहुत दिन बीत गए ॥

नरसी की थी हुंडी तारी, मुझको केवल आस तिहारी ।
तुम मीरा के गिरिधर श्याम, बहुत दिन बीत गए ॥

तू दाता मैं तेरा भिखारी, इष्टदेव तू मैं तेरा पुजारी ।
अब अनंत विकल भए प्राण, बहुत दिन बीत गए ॥

राधा की अखियन की तारे, मेरे भी बन जाओ सहारे।
ओ भक्तो के भगवान्, बहुत दिन बीत गए॥

मुरली वाले मुरली बजा जा, सोए हुए मेरे भाग्य जगा जा।
ओ मीरा के भगवान्, बहुत दिन बीत गए॥

मन मंदिर में रास रचा जा, रूप सांवला दरश दिखा जा।
जीवन की हो गयी श्याम, बहुत दिन बीत गए॥

नरसी भकत की हुंडी स्वीकारी, सांवल शाह बन आए मुरारी ।



mohe aan milo ghanshyam bahut din beet gaye



Bhajan Lyrics View All

इक तारा वाजदा जी हर दम गोविन्द
जग ताने देंदा ए, तै मैनु कोई फरक नहीं
बहुत बड़ा दरबार तेरो बहुत बड़ा दरबार,
चाकर रखलो राधा रानी तेरा बहुत बड़ा
हर पल तेरे साथ मैं रहता हूँ,
डरने की क्या बात? जब मैं बैठा हूँ
राधिका गोरी से ब्रिज की छोरी से ,
मैया करादे मेरो ब्याह,
श्री राधा हमारी गोरी गोरी, के नवल
यो तो कालो नहीं है मतवारो, जगत उज्य
मोहे आन मिलो श्याम, बहुत दिन बीत गए।
बहुत दिन बीत गए, बहुत युग बीत गए ॥
कैसे जीऊं मैं राधा रानी तेरे बिना
मेरा मन ही न लगे श्यामा तेरे बिना
नटवर नागर नंदा, भजो रे मन गोविंदा
शयाम सुंदर मुख चंदा, भजो रे मन
जय राधे राधे, राधे राधे
जय राधे राधे, राधे राधे
श्यामा प्यारी मेरे साथ हैं,
फिर डरने की क्या बात है
मुँह फेर जिधर देखु मुझे तू ही नज़र आये
हम छोड़के दर तेरा अब और किधर जाये
मेरी करुणामयी सरकार पता नहीं क्या दे
क्या दे दे भई, क्या दे दे
मीठे रस से भरी रे, राधा रानी लागे,
मने कारो कारो जमुनाजी रो पानी लागे
अपनी वाणी में अमृत घोल
अपनी वाणी में अमृत घोल
वृदावन जाने को जी चाहता है,
राधे राधे गाने को जी चाहता है,
वृन्दावन के बांके बिहारी,
हमसे पर्दा करो ना मुरारी ।
कोई कहे गोविंदा, कोई गोपाला।
मैं तो कहुँ सांवरिया बाँसुरिया वाला॥
तू कितनी अच्ची है, तू कितनी भोली है,
ओ माँ, ओ माँ, ओ माँ, ओ माँ ।
राधे राधे बोल, श्याम भागे चले आयंगे।
एक बार आ गए तो कबू नहीं जायेंगे ॥
मेरा आपकी कृपा से,
सब काम हो रहा है
तू राधे राधे गा ,
तोहे मिल जाएं सांवरियामिल जाएं
नी मैं दूध काहे नाल रिडका चाटी चो
लै गया नन्द किशोर लै गया,
राधा नाम की लगाई फुलवारी, के पत्ता
के पत्ता पत्ता श्याम बोलता, के पत्ता
हम हाथ उठाकर कह देंगे हम हो गये राधा
राधा राधा राधा राधा
बृज के नन्द लाला राधा के सांवरिया
सभी दुख: दूर हुए जब तेरा नाम लिया
एक दिन वो भोले भंडारी बन कर के ब्रिज
पारवती भी मना कर ना माने त्रिपुरारी,
बोल कान्हा बोल गलत काम कैसे हो गया,
बिना शादी के तू राधे श्याम कैसे हो
लाडली अद्बुत नज़ारा तेरे बरसाने में
लाडली अब मन हमारा तेरे बरसाने में है।
मेरी रसना से राधा राधा नाम निकले,
हर घडी हर पल, हर घडी हर पल।
राधे तु कितनी प्यारी है ॥
तेरे संग में बांके बिहारी कृष्ण