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लाली की सुनके मैं आयी
कीरत मैया दे दे बधाई

लाली की सुनके मैं आयी
कीरत मैया दे दे बधाई
लाली की सुनके मैं आयी
कीरत मैया दे दे बधाई

लहंगा भी लुंगी और चुनरी भी लुंगी..
लहंगा भी लुंगी और चुनरी भी लुंगी..
चोली की.. चोली की.. हाँ जी चोली की दे दे सिलाई..
कीरत मैया दे दे बधाई
लाली की सुनके मैं आयी
कीरत मैया दे दे बधाई

कंगना भी लुंगी और झुमका भी लुंगी
कंगना भी लुंगी और झुमका भी लुंगी
नथनी की.. नथनी की.. हाँ जी. नथनी की दे दे गढाई
कीरत मैया दे दे बधाई
लाली की सुनके मैं आयी
कीरत मैया दे दे बधाई

लड्डू भी लुंगी और पेडा भी लुंगी
लड्डू भी लुंगी और पेडा भी लुंगी
दे दे.. दे दे .. हा जी दे दे दूध मलाई
कीरत मैया दे दे बधाई
लाली की सुनके मैं आयी
कीरत मैया दे दे बधाई

ना लुंगी और ना लुंगी
ना लुंगी और ना लुंगी
क्यों ना लुंगी रे भैया..
हो गयी.. हो गयी.. हाँ जी हो गयी बड़ी महंगाई
कीरत मैया दे दे बधाई
लाली की सुनके मैं आयी



birth wishes of shri radha rani



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हम प्रेम दीवानी हैं, वो प्रेम दीवाना।
ऐ उधो हमे ज्ञान की पोथी ना सुनाना॥
प्रभु कर कृपा पावँरी दीन्हि
सादर भारत शीश धरी लीन्ही
तमन्ना यही है के उड के बरसाने आयुं मैं
आके बरसाने में तेरे दिल की हसरतो को
दाता एक राम, भिखारी सारी दुनिया ।
राम एक देवता, पुजारी सारी दुनिया ॥
ज़िंदगी मे हज़ारो का मेला जुड़ा
हंस जब जब उड़ा तब अकेला उड़ा
राधा कट दी है गलिआं दे मोड़ आज मेरे
श्याम ने आना घनश्याम ने आना
मेरी रसना से राधा राधा नाम निकले,
हर घडी हर पल, हर घडी हर पल।
श्यामा प्यारी मेरे साथ हैं,
फिर डरने की क्या बात है
मुझे रास आ गया है,
तेरे दर पे सर झुकाना
साँवरिया ऐसी तान सुना,
ऐसी तान सुना मेरे मोहन, मैं नाचू तू गा
मेरी विनती यही है राधा रानी, कृपा
मुझे तेरा ही सहारा महारानी, चरणों से
अपनी वाणी में अमृत घोल
अपनी वाणी में अमृत घोल
मोहे आन मिलो श्याम, बहुत दिन बीत गए।
बहुत दिन बीत गए, बहुत युग बीत गए ॥
हे राम, हे राम, हे राम, हे राम
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मेरी करुणामयी सरकार, मिला दो ठाकुर से
कृपा करो भानु दुलारी, श्री राधे
तीनो लोकन से न्यारी राधा रानी हमारी।
राधा रानी हमारी, राधा रानी हमारी॥
प्रीतम बोलो कब आओगे॥
बालम बोलो कब आओगे॥
कोई पकड़ के मेरा हाथ रे,
मोहे वृन्दावन पहुंच देओ ।
वृंदावन में हुकुम चले बरसाने वाली का,
कान्हा भी दीवाना है श्री श्यामा
कहना कहना आन पड़ी मैं तेरे द्वार ।
मुझे चाकर समझ निहार ॥
तेरे दर की भीख से है,
मेरा आज तक गुज़ारा
मुझे रास आ गया है, तेरे दर पे सर झुकाना
तुझे मिल गया पुजारी, मुझे मिल गया
इतना तो करना स्वामी जब प्राण तन से
गोविन्द नाम लेकर, फिर प्राण तन से
ये तो बतादो बरसानेवाली,मैं कैसे
तेरी कृपा से है यह जीवन है मेरा,कैसे
सांवरिया है सेठ ,मेरी राधा जी सेठानी
यह तो सारी दुनिया जाने है
तेरी मंद मंद मुस्कनिया पे ,बलिहार
तेरी मंद मंद मुस्कनिया पे ,बलिहार
राधे मोरी बंसी कहा खो गयी,
कोई ना बताये और शाम हो गयी,
सावरे से मिलने का सत्संग ही बहाना है ।
सारे दुःख दूर हुए, दिल बना दीवाना है ।
वृन्दावन के बांके बिहारी,
हमसे पर्दा करो ना मुरारी ।
तेरे दर पे आके ज़िन्दगी मेरी
यह तो तेरी नज़र का कमाल है,