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sahara tera

Ek sahara tera bhagwan Ek sahara Tera by M M Geeta Manishi Swami Shri Gyananand Ji Maharaj

Bhrama Sarover Parikrima By M.M. Geeta Manishi Swami Shri Gyananand Ji Maharaj Kurukshetra H.R.

Hall E Dil Apna Suna Lu By Murlidhar Ji

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Ek sahara tera bhagwan Ek sahara Tera by M M Geeta Manishi Swami Shri Gyananand Ji Maharaj
Bhrama Sarover Parikrima By M.M. Geeta Manishi Swami Shri Gyananand Ji Maharaj Kurukshetra H.R.
Hall E Dil Apna Suna Lu By Murlidhar Ji

Bhajan Lyrics View All

तू राधे राधे गा ,
तोहे मिल जाएं सांवरियामिल जाएं
श्यामा प्यारी मेरे साथ हैं,
फिर डरने की क्या बात है
तेरी मंद मंद मुस्कनिया पे ,बलिहार
तेरी मंद मंद मुस्कनिया पे ,बलिहार
दाता एक राम, भिखारी सारी दुनिया ।
राम एक देवता, पुजारी सारी दुनिया ॥
मोहे आन मिलो श्याम, बहुत दिन बीत गए।
बहुत दिन बीत गए, बहुत युग बीत गए ॥
बोल कान्हा बोल गलत काम कैसे हो गया,
बिना शादी के तू राधे श्याम कैसे हो
बांके बिहारी की देख छटा,
मेरो मन है गयो लटा पटा।
वृदावन जाने को जी चाहता है,
राधे राधे गाने को जी चाहता है,
वृन्दावन के बांके बिहारी,
हमसे पर्दा करो ना मुरारी ।
आँखों को इंतज़ार है सरकार आपका
ना जाने होगा कब हमें दीदार आपका
हर साँस में हो सुमिरन तेरा,
यूँ बीत जाये जीवन मेरा
राधे तु कितनी प्यारी है ॥
तेरे संग में बांके बिहारी कृष्ण
हम राम जी के, राम जी हमारे हैं
वो तो दशरथ राज दुलारे हैं
मेरे जीवन की जुड़ गयी डोर, किशोरी तेरे
किशोरी तेरे चरणन में, महारानी तेरे
नटवर नागर नंदा, भजो रे मन गोविंदा
शयाम सुंदर मुख चंदा, भजो रे मन
यशोमती मैया से बोले नंदलाला,
राधा क्यूँ गोरी, मैं क्यूँ काला
अपने दिल का दरवाजा हम खोल के सोते है
सपने में आ जाना मईया,ये बोल के सोते है
प्रीतम बोलो कब आओगे॥
बालम बोलो कब आओगे॥
तेरे दर की भीख से है,
मेरा आज तक गुज़ारा
वृंदावन में हुकुम चले बरसाने वाली का,
कान्हा भी दीवाना है श्री श्यामा
बृज के नन्द लाला राधा के सांवरिया
सभी दुख: दूर हुए जब तेरा नाम लिया
मेरी रसना से राधा राधा नाम निकले,
हर घडी हर पल, हर घडी हर पल।
दुनिया का बन कर देख लिया, श्यामा का बन
राधा नाम में कितनी शक्ति है, इस राह पर
सांवरियो है सेठ, म्हारी राधा जी
यह तो जाने दुनिया सारी है
तीनो लोकन से न्यारी राधा रानी हमारी।
राधा रानी हमारी, राधा रानी हमारी॥
राधिका गोरी से ब्रिज की छोरी से ,
मैया करादे मेरो ब्याह,
मेरी करुणामयी सरकार पता नहीं क्या दे
क्या दे दे भई, क्या दे दे
इतना तो करना स्वामी जब प्राण तन से
गोविन्द नाम लेकर, फिर प्राण तन से
हम प्रेम दीवानी हैं, वो प्रेम दीवाना।
ऐ उधो हमे ज्ञान की पोथी ना सुनाना॥
श्यामा तेरे चरणों की गर धूल जो मिल
सच कहता हूँ मेरी तकदीर बदल जाए॥