Share this page on following platforms.
Download Bhajan as .txt File Download Bhajan as IMAGE File

मुझे रास आ गया है,
तेरे दर पे सर झुकाना

मुझे रास आ गया है, तेरे दर पे सर झुकाना,
तुझे मिल गया पुजारी, मुझे मिल गया ठिकाना

मुझे कौन जानता था, तेरी बंदगी से पहले,
तेरी याद ने बनादी, मेरी ज़िन्दगी फ़साना 

मुझे इस का ग़म नहीं है , के बदल गया ज़माना
मेरी ज़िन्दगी के मालिक, कहीं तुम बदल ना जाना 

तेरी सांवली सी सूरत, मेरे मन में बस गयी है
ए संवारे सलोने, अब और ना सताना

मेरी आरज़ू यही है , दम निकले तेरे दर पे,
अभी सांस चल रही है , अभी तुम चले ना जाना



Mujhe Raas Aa Gaya Hai,
Tere Dar Pe Sar Jhukana

Mujhe Raas Aa Gaya Hai, Tere Dar Pe Sar Jhukaana,
Tujhe Mil Gaya Pujaaree, Mujhe Mil Gaya Thikaana

Mujhe Kaun Jaanata Tha, Teree Bandagee Se Pahale,
Teree Yaad Ne Banaadee, Meree Zindagee Fasaana 

Mujhe Is Ka Gam Nahin Hai , Ke Badal Gaya Zamaana
Meree Zindagee Ke Maalik, Kaheen Tum Badal Na Jaana 

Teree Saanvalee See Soorat, Mere Man Mein Bas Gayee Hai
E Sanvaare Salone, Ab Aur Na Sataana

Meree Aarazoo Yahee Hai , Dam Nikale Tere Dar Pe,
Abhee Saans Chal Rahee Hai , Abhee Tum Chale Na Jaana



Bhajan Lyrics View All

कोई पकड़ के मेरा हाथ रे,
मोहे वृन्दावन पहुंच देओ ।
तेरी मुरली की धुन सुनने मैं बरसाने से
मैं बरसाने से आयी हूँ, मैं वृषभानु की
राधा कट दी है गलिआं दे मोड़ आज मेरे
श्याम ने आना घनश्याम ने आना
तू राधे राधे गा ,
तोहे मिल जाएं सांवरियामिल जाएं
राधे मोरी बंसी कहा खो गयी,
कोई ना बताये और शाम हो गयी,
हे राम, हे राम, हे राम, हे राम
जग में साचे तेरो नाम । हे राम...
ये सारे खेल तुम्हारे है
जग कहता खेल नसीबों का
मन चल वृंदावन धाम, रटेंगे राधे राधे
मिलेंगे कुंज बिहारी, ओढ़ के कांबल
यशोमती मैया से बोले नंदलाला,
राधा क्यूँ गोरी, मैं क्यूँ काला
तू कितनी अच्ची है, तू कितनी भोली है,
ओ माँ, ओ माँ, ओ माँ, ओ माँ ।
Ye Saare Khel Tumhare Hai Jag
Kahta Khel Naseebo Ka
फूलों में सज रहे हैं, श्री वृन्दावन
और संग में सज रही है वृषभानु की
जग में सुन्दर है दो नाम, चाहे कृष्ण
बोलो राम राम राम, बोलो श्याम श्याम
ये तो बतादो बरसानेवाली,मैं कैसे
तेरी कृपा से है यह जीवन है मेरा,कैसे
राधे राधे बोल, राधे राधे बोल,
बरसाने मे दोल, के मुख से राधे राधे बोल,
कहना कहना आन पड़ी मैं तेरे द्वार ।
मुझे चाकर समझ निहार ॥
नटवर नागर नंदा, भजो रे मन गोविंदा
शयाम सुंदर मुख चंदा, भजो रे मन
बोल कान्हा बोल गलत काम कैसे हो गया,
बिना शादी के तू राधे श्याम कैसे हो
ਮੇਰੇ ਕਰਮਾਂ ਵੱਲ ਨਾ ਵੇਖਿਓ ਜੀ,
ਕਰਮਾਂ ਤੋਂ ਸ਼ਾਰਮਾਈ ਹੋਈ ਆਂ
कोई कहे गोविंदा, कोई गोपाला।
मैं तो कहुँ सांवरिया बाँसुरिया वाला॥
नी मैं दूध काहे नाल रिडका चाटी चो
लै गया नन्द किशोर लै गया,
वास देदो किशोरी जी बरसाना,
छोडो छोडो जी छोडो जी तरसाना ।
अच्युतम केशवं राम नारायणं,
कृष्ण दमोधराम वासुदेवं हरिं,
तेरी मंद मंद मुस्कनिया पे ,बलिहार
तेरी मंद मंद मुस्कनिया पे ,बलिहार
मोहे आन मिलो श्याम, बहुत दिन बीत गए।
बहुत दिन बीत गए, बहुत युग बीत गए ॥
मुझे चाहिए बस सहारा तुम्हारा,
के नैनों में गोविन्द नज़ारा तुम्हार
दिल लूटके ले गया नी सहेलियो मेरा
मैं तक्दी रह गयी नी सहेलियो लगदा
मुझे रास आ गया है, तेरे दर पे सर झुकाना
तुझे मिल गया पुजारी, मुझे मिल गया
वृन्दावन के बांके बिहारी,
हमसे पर्दा करो ना मुरारी ।
एक दिन वो भोले भंडारी बन कर के ब्रिज
पारवती भी मना कर ना माने त्रिपुरारी,