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बाजे रे मुरलिया बाजे।
अधर धरे मोहन मुरली पर,

बाजे रे मुरलिया बाजे।
अधर धरे मोहन मुरली पर,
होंठ में माया बिराजे॥
बाजे रे मुरलिया बाजे॥

हरे हरे बांस की बनी मुरलिया,
मर्म मर्म को अंगुरिया।
चंचल चतुर अंगुरिया जिस पर,
कनक मुन्दरिया साजे॥

पीली मन्दुरी अंगूरी श्याम,
मुंदरी पर राधा का नाम।
आखर देखे सुने मधुर स्वर,
राधा गोरी लाजे॥

भूल गयी राधा भरी गागरिया,
भूल गए गो धन को सांवरिया।
जाने ना जाने एह दो जाने,



baje re muralia baaje



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मेरी रसना से राधा राधा नाम निकले,
हर घडी हर पल, हर घडी हर पल।
ना मैं मीरा ना मैं राधा,
फिर भी श्याम को पाना है ।
तेरी मंद मंद मुस्कनिया पे ,बलिहार
तेरी मंद मंद मुस्कनिया पे ,बलिहार
किशोरी कुछ ऐसा इंतजाम हो जाए।
जुबा पे राधा राधा राधा नाम हो जाए॥
कोई पकड़ के मेरा हाथ रे,
मोहे वृन्दावन पहुंच देओ ।
कान्हा की दीवानी बन जाउंगी,
दीवानी बन जाउंगी मस्तानी बन जाउंगी,
प्रीतम बोलो कब आओगे॥
बालम बोलो कब आओगे॥
हे राम, हे राम, हे राम, हे राम
जग में साचे तेरो नाम । हे राम...
आँखों को इंतज़ार है सरकार आपका
ना जाने होगा कब हमें दीदार आपका
साँवरिया ऐसी तान सुना,
ऐसी तान सुना मेरे मोहन, मैं नाचू तू गा
हर पल तेरे साथ मैं रहता हूँ,
डरने की क्या बात? जब मैं बैठा हूँ
अपने दिल का दरवाजा हम खोल के सोते है
सपने में आ जाना मईया,ये बोल के सोते है
एक दिन वो भोले भंडारी बन कर के ब्रिज
पारवती भी मना कर ना माने त्रिपुरारी,
कैसे जीऊं मैं राधा रानी तेरे बिना
मेरा मन ही न लगे श्यामा तेरे बिना
राधा कट दी है गलिआं दे मोड़ आज मेरे
श्याम ने आना घनश्याम ने आना
इतना तो करना स्वामी जब प्राण तन से
गोविन्द नाम लेकर, फिर प्राण तन से
राधे तु कितनी प्यारी है ॥
तेरे संग में बांके बिहारी कृष्ण
मुँह फेर जिधर देखु मुझे तू ही नज़र आये
हम छोड़के दर तेरा अब और किधर जाये
श्यामा तेरे चरणों की गर धूल जो मिल
सच कहता हूँ मेरी तकदीर बदल जाए॥
हम प्रेम दीवानी हैं, वो प्रेम दीवाना।
ऐ उधो हमे ज्ञान की पोथी ना सुनाना॥
सांवरिया है सेठ ,मेरी राधा जी सेठानी
यह तो सारी दुनिया जाने है
लाली की सुनके मैं आयी
कीरत मैया दे दे बधाई
जय राधे राधे, राधे राधे
जय राधे राधे, राधे राधे
राधे मोरी बंसी कहा खो गयी,
कोई ना बताये और शाम हो गयी,
तेरी मुरली की धुन सुनने मैं बरसाने से
मैं बरसाने से आयी हूँ, मैं वृषभानु की
तेरे दर की भीख से है,
मेरा आज तक गुज़ारा
हर साँस में हो सुमिरन तेरा,
यूँ बीत जाये जीवन मेरा
दिल की हर धड़कन से तेरा नाम निकलता है
तेरे दर्शन को मोहन तेरा दास तरसता है
कहना कहना आन पड़ी मैं तेरे द्वार ।
मुझे चाकर समझ निहार ॥
Ye Saare Khel Tumhare Hai Jag
Kahta Khel Naseebo Ka