Share this page on following platforms.

Home Katha Bhaktmal Katha

Bhakthmaal Katha -Sanjay Krishna

Sanskar Live - Dr. Sanjay Krishna Salil - Bhaktmal Katha - Kolkata (West Bengal) - Day 1

Sanskar Live - Dr. Sanjay Krishna Salil - Bhaktmal Katha - Kolkata (West Bengal) - Day 2

Sanskar Live - Dr. Sanjay Krishna Salil - Bhaktmal Katha - Kolkata (West Bengal) - Day 3

Contents of this list:

Sanskar Live - Dr. Sanjay Krishna Salil - Bhaktmal Katha - Kolkata (West Bengal) - Day 1
Sanskar Live - Dr. Sanjay Krishna Salil - Bhaktmal Katha - Kolkata (West Bengal) - Day 2
Sanskar Live - Dr. Sanjay Krishna Salil - Bhaktmal Katha - Kolkata (West Bengal) - Day 3

Bhajan Lyrics View All

बृज के नन्द लाला राधा के सांवरिया
सभी दुख: दूर हुए जब तेरा नाम लिया
हम हाथ उठाकर कह देंगे हम हो गये राधा
राधा राधा राधा राधा
प्रभु कर कृपा पावँरी दीन्हि
सादर भारत शीश धरी लीन्ही
दिल की हर धड़कन से तेरा नाम निकलता है
तेरे दर्शन को मोहन तेरा दास तरसता है
हम प्रेम नगर के बंजारिन है
जप ताप और साधन क्या जाने
तेरे दर की भीख से है,
मेरा आज तक गुज़ारा
कैसे जीऊं मैं राधा रानी तेरे बिना
मेरा मन ही न लगे श्यामा तेरे बिना
मीठे रस से भरी रे, राधा रानी लागे,
मने कारो कारो जमुनाजी रो पानी लागे
श्यामा तेरे चरणों की गर धूल जो मिल
सच कहता हूँ मेरी तकदीर बदल जाए॥
राधे मोरी बंसी कहा खो गयी,
कोई ना बताये और शाम हो गयी,
ना मैं मीरा ना मैं राधा,
फिर भी श्याम को पाना है ।
कोई पकड़ के मेरा हाथ रे,
मोहे वृन्दावन पहुंच देओ ।
अपनी वाणी में अमृत घोल
अपनी वाणी में अमृत घोल
तेरे बगैर सांवरिया जिया नही जाये
तुम आके बांह पकड लो तो कोई बात बने‌॥
दुनिया का बन कर देख लिया, श्यामा का बन
राधा नाम में कितनी शक्ति है, इस राह पर
कोई कहे गोविंदा कोई गोपाला,
मैं तो कहूँ सांवरिया बांसुरी वाला ।
हे राम, हे राम, हे राम, हे राम
जग में साचे तेरो नाम । हे राम...
जय राधे राधे, राधे राधे
जय राधे राधे, राधे राधे
सब के संकट दूर करेगी, यह बरसाने वाली,
बजाओ राधा नाम की ताली ।
ये तो बतादो बरसानेवाली,मैं कैसे
तेरी कृपा से है यह जीवन है मेरा,कैसे
ज़री की पगड़ी बाँधे, सुंदर आँखों वाला,
कितना सुंदर लागे बिहारी कितना लागे
अपने दिल का दरवाजा हम खोल के सोते है
सपने में आ जाना मईया,ये बोल के सोते है
सांवरिया है सेठ ,मेरी राधा जी सेठानी
यह तो सारी दुनिया जाने है
सांवरियो है सेठ, म्हारी राधा जी
यह तो जाने दुनिया सारी है
वृंदावन में हुकुम चले बरसाने वाली का,
कान्हा भी दीवाना है श्री श्यामा
बांके बिहारी की देख छटा,
मेरो मन है गयो लटा पटा।
बहुत बड़ा दरबार तेरो बहुत बड़ा दरबार,
चाकर रखलो राधा रानी तेरा बहुत बड़ा
मन चल वृंदावन धाम, रटेंगे राधे राधे
मिलेंगे कुंज बिहारी, ओढ़ के कांबल
इक तारा वाजदा जी हर दम गोविन्द
जग ताने देंदा ए, तै मैनु कोई फरक नहीं
मेरी विनती यही है राधा रानी, कृपा
मुझे तेरा ही सहारा महारानी, चरणों से