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Home Gurus Shri Shri Ravishankar ji

Sri Sri Ravi Shankar

Sri Sri Ravi Shankar Playing the Veena during Navratri (HD)

Jai Jai Radha Raman Hari Bol : Sri Sri Ravi Shankar Singing

Tera Main - 13 May - Birthday Song for Guruji (Art of Living Song by Sachin Limaye)

Jaya Jaya Shiva Shambo : Sri Sri Ravi Shanakar ji Singing

Gurudev Sri Sri Singing in Tokyo

Sri Sri Ravi Shankar in a Maha satsang in Sunder Nagar (Himachal Pradesh)

Gurudev in Satsang

Mahasatsang with Sri Sri Ravi Shankar in Palakkad Kerala 2004 : Kanna Kanna 3 13 2011

Mahasatsang with Sri Sri Calicut Kerala 2004 Song Kanna Kanna 3 13 2011

Mahasatsang in Aurangabad Sri Sri Ravi Shankar Hindi 9 24 2010

Guru Paduka Stotram : Meditative music Art of Living

Contents of this list:

Sri Sri Ravi Shankar Playing the Veena during Navratri (HD)
Jai Jai Radha Raman Hari Bol : Sri Sri Ravi Shankar Singing
Tera Main - 13 May - Birthday Song for Guruji (Art of Living Song by Sachin Limaye)
Jaya Jaya Shiva Shambo : Sri Sri Ravi Shanakar ji Singing
Gurudev Sri Sri Singing in Tokyo
Sri Sri Ravi Shankar in a Maha satsang in Sunder Nagar (Himachal Pradesh)
Gurudev in Satsang
Mahasatsang with Sri Sri Ravi Shankar in Palakkad Kerala 2004 : Kanna Kanna 3 13 2011
Mahasatsang with Sri Sri Calicut Kerala 2004 Song Kanna Kanna 3 13 2011
Mahasatsang in Aurangabad Sri Sri Ravi Shankar Hindi 9 24 2010
Guru Paduka Stotram : Meditative music Art of Living

Bhajan Lyrics View All

राधा कट दी है गलिआं दे मोड़ आज मेरे
श्याम ने आना घनश्याम ने आना
राधे तु कितनी प्यारी है ॥
तेरे संग में बांके बिहारी कृष्ण
मेरा आपकी कृपा से,
सब काम हो रहा है
दुनिया से मैं हारा तो आया तेरे द्वार,
यहाँ से गर जो हरा कहाँ जाऊँगा सरकार
राधा नाम की लगाई फुलवारी, के पत्ता
के पत्ता पत्ता श्याम बोलता, के पत्ता
मुझे चाहिए बस सहारा तुम्हारा,
के नैनों में गोविन्द नज़ारा तुम्हार
तेरे दर की भीख से है,
मेरा आज तक गुज़ारा
मेरे जीवन की जुड़ गयी डोर, किशोरी तेरे
किशोरी तेरे चरणन में, महारानी तेरे
तमन्ना यही है के उड के बरसाने आयुं मैं
आके बरसाने में तेरे दिल की हसरतो को
यशोमती मैया से बोले नंदलाला,
राधा क्यूँ गोरी, मैं क्यूँ काला
ये तो बतादो बरसानेवाली,मैं कैसे
तेरी कृपा से है यह जीवन है मेरा,कैसे
दिल लूटके ले गया नी सहेलियो मेरा
मैं तक्दी रह गयी नी सहेलियो लगदा
प्रभु कर कृपा पावँरी दीन्हि
सादर भारत शीश धरी लीन्ही
मेरी करुणामयी सरकार, मिला दो ठाकुर से
कृपा करो भानु दुलारी, श्री राधे
बांके बिहारी की देख छटा,
मेरो मन है गयो लटा पटा।
तुम रूठे रहो मोहन,
हम तुमको मन लेंगे
दुनिया का बन कर देख लिया, श्यामा का बन
राधा नाम में कितनी शक्ति है, इस राह पर
तू राधे राधे गा ,
तोहे मिल जाएं सांवरियामिल जाएं
ज़री की पगड़ी बाँधे, सुंदर आँखों वाला,
कितना सुंदर लागे बिहारी कितना लागे
कहना कहना आन पड़ी मैं तेरे द्वार ।
मुझे चाकर समझ निहार ॥
जग में सुन्दर है दो नाम, चाहे कृष्ण
बोलो राम राम राम, बोलो श्याम श्याम
अपने दिल का दरवाजा हम खोल के सोते है
सपने में आ जाना मईया,ये बोल के सोते है
तू कितनी अच्ची है, तू कितनी भोली है,
ओ माँ, ओ माँ, ओ माँ, ओ माँ ।
श्री राधा हमारी गोरी गोरी, के नवल
यो तो कालो नहीं है मतवारो, जगत उज्य
दिल की हर धड़कन से तेरा नाम निकलता है
तेरे दर्शन को मोहन तेरा दास तरसता है
दाता एक राम, भिखारी सारी दुनिया ।
राम एक देवता, पुजारी सारी दुनिया ॥
हर पल तेरे साथ मैं रहता हूँ,
डरने की क्या बात? जब मैं बैठा हूँ
बोल कान्हा बोल गलत काम कैसे हो गया,
बिना शादी के तू राधे श्याम कैसे हो
नी मैं दूध काहे नाल रिडका चाटी चो
लै गया नन्द किशोर लै गया,
इक तारा वाजदा जी हर दम गोविन्द
जग ताने देंदा ए, तै मैनु कोई फरक नहीं