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Art of Living bhajans by Rishi Nitya Pragya

Shiva Shiva Shankaray Shiva-a famous bhajan by Rishi Nityapragya

Hari Sundar Nand Mukunda-bhajan by Rishi Nityapragya

Rishi Nityapragya - Rama Ho Rama Ho

Rishi Nitya Pragya Bhajan - Ram Naam Ladva

Dam Dam Damroo Baje - Shiva bhajan by Rishi Nityapragya

Art of Living Bhajans by Rishi Nityapragya

Gopala Gopala Shyam Gopala-Krishna bhajan by Rishi Nitya Pragya

Tumse Ho Jori Rishi Nitya Pragya Bhajans

Naiharwa - by Rishi Nithyapragya

Rishi Nitya Pragya - Shiv Bhajans - Parmeshwarai Shashishekharai

Guru Paduka Stotram by Rishi Nityapragya

Lambodara Hey Vigneshwara - bhajan by Rishi Nityapragya

Sai ki Nagri : Naiharwa by Vikram Hazra and Rishi Nitya Pragyaji

Art of Living bhajans by Rishi Nityapragya

Tumse ho Jori : Art of Living Bhajan LIVE Performance

Contents of this list:

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Bhajan Lyrics View All

बांके बिहारी की देख छटा,
मेरो मन है गयो लटा पटा।
ज़रा छलके ज़रा छलके वृदावन देखो
ज़रा हटके ज़रा हटके ज़माने से देखो
प्रीतम बोलो कब आओगे॥
बालम बोलो कब आओगे॥
मेरे जीवन की जुड़ गयी डोर, किशोरी तेरे
किशोरी तेरे चरणन में, महारानी तेरे
लाली की सुनके मैं आयी
कीरत मैया दे दे बधाई
राधे मोरी बंसी कहा खो गयी,
कोई ना बताये और शाम हो गयी,
इतना तो करना स्वामी जब प्राण तन से
गोविन्द नाम लेकर, फिर प्राण तन से
Ye Saare Khel Tumhare Hai Jag
Kahta Khel Naseebo Ka
तमन्ना यही है के उड के बरसाने आयुं मैं
आके बरसाने में तेरे दिल की हसरतो को
राधे राधे बोल, श्याम भागे चले आयंगे।
एक बार आ गए तो कबू नहीं जायेंगे ॥
मेरी रसना से राधा राधा नाम निकले,
हर घडी हर पल, हर घडी हर पल।
कैसे जीऊं मैं राधा रानी तेरे बिना
मेरा मन ही न लगे श्यामा तेरे बिना
ना मैं मीरा ना मैं राधा,
फिर भी श्याम को पाना है ।
एक दिन वो भोले भंडारी बन कर के ब्रिज
पारवती भी मना कर ना माने त्रिपुरारी,
मन चल वृंदावन धाम, रटेंगे राधे राधे
मिलेंगे कुंज बिहारी, ओढ़ के कांबल
करदो करदो बेडा पार, राधे अलबेली सरकार।
राधे अलबेली सरकार, राधे अलबेली
अच्युतम केशवं राम नारायणं,
कृष्ण दमोधराम वासुदेवं हरिं,
तेरी मुरली की धुन सुनने मैं बरसाने से
मैं बरसाने से आयी हूँ, मैं वृषभानु की
जिनको जिनको सेठ बनाया वो क्या
उनसे तो प्यार है हमसे तकरार है ।
श्याम बुलाये राधा नहीं आये,
आजा मेरी प्यारी राधे बागो में झूला
मेरी करुणामयी सरकार पता नहीं क्या दे
क्या दे दे भई, क्या दे दे
वृंदावन में हुकुम चले बरसाने वाली का,
कान्हा भी दीवाना है श्री श्यामा
मुझे चाहिए बस सहारा तुम्हारा,
के नैनों में गोविन्द नज़ारा तुम्हार
मोहे आन मिलो श्याम, बहुत दिन बीत गए।
बहुत दिन बीत गए, बहुत युग बीत गए ॥
अपने दिल का दरवाजा हम खोल के सोते है
सपने में आ जाना मईया,ये बोल के सोते है
नी मैं दूध काहे नाल रिडका चाटी चो
लै गया नन्द किशोर लै गया,
जग में सुन्दर है दो नाम, चाहे कृष्ण
बोलो राम राम राम, बोलो श्याम श्याम
हर पल तेरे साथ मैं रहता हूँ,
डरने की क्या बात? जब मैं बैठा हूँ
यशोमती मैया से बोले नंदलाला,
राधा क्यूँ गोरी, मैं क्यूँ काला
यह मेरी अर्जी है,
मैं वैसी बन जाऊं जो तेरी मर्ज़ी है