Share this page on following platforms.

Home Gurus Swami Mukundanand

Bhagavad Gita - Chapter - 7 by Swami Mukundananda English

Bhagavad Gita in English [1/17] Chapter 7 - Swami Mukundananda - Implement the Knowledge

Bhagavad Gita in English [2/17] Chapter 7 - Swami Mukundananda

Bhagavad Gita in English [3/17] Chapter 7 - Swami Mukundananda

Bhagavad Gita in English [4/17] Chapter 7 - Swami Mukundananda

Bhagavad Gita in English [5/17] Chapter 7 - Swami Mukundananda

Bhagavad Gita in English [6/17] Chapter 7 - Swami Mukundananda

Bhagavad Gita in English [7/17] Chapter 7 - Swami Mukundananda

Bhagavad Gita 8/17, Chapter 7 - Swami Mukundananda

Bhagavad Gita 9/17, Chapter 7 - Swami Mukundananda

Bhagavad Gita 10/17, Chapter 7 - Swami Mukundananda

Bhagavad Gita 11/17, Chapter 7 - Swami Mukundananda

Bhagavad Gita 12/17, Chapter 7 - Swami Mukundananda

Bhagavad Gita - English [13/17], Chapter 7 - Swami Mukundananda

Bhagavad Gita - English 14/17, Chapter 7 - Swami Mukundananda

Bhagavad Gita - English 15/17, Chapter 7 - Swami Mukundananda

Bhagavad Gita - English 16/17, Chapter 7 - Swami Mukundananda

Bhagavad Gita - English 17/17, Chapter 7 - Swami Mukundananda

Contents of this list:

Bhajan Lyrics View All

वृदावन जाने को जी चाहता है,
राधे राधे गाने को जी चाहता है,
रंगीलो राधावल्लभ लाल, जै जै जै श्री
विहरत संग लाडली बाल, जै जै जै श्री
तुम रूठे रहो मोहन,
हम तुमको मन लेंगे
करदो करदो बेडा पार, राधे अलबेली सरकार।
राधे अलबेली सरकार, राधे अलबेली
ज़िंदगी मे हज़ारो का मेला जुड़ा
हंस जब जब उड़ा तब अकेला उड़ा
मेरे जीवन की जुड़ गयी डोर, किशोरी तेरे
किशोरी तेरे चरणन में, महारानी तेरे
वृन्दावन के बांके बिहारी,
हमसे पर्दा करो ना मुरारी ।
प्रीतम बोलो कब आओगे॥
बालम बोलो कब आओगे॥
हर पल तेरे साथ मैं रहता हूँ,
डरने की क्या बात? जब मैं बैठा हूँ
राधा नाम की लगाई फुलवारी, के पत्ता
के पत्ता पत्ता श्याम बोलता, के पत्ता
हर साँस में हो सुमिरन तेरा,
यूँ बीत जाये जीवन मेरा
Ye Saare Khel Tumhare Hai Jag
Kahta Khel Naseebo Ka
ਮੇਰੇ ਕਰਮਾਂ ਵੱਲ ਨਾ ਵੇਖਿਓ ਜੀ,
ਕਰਮਾਂ ਤੋਂ ਸ਼ਾਰਮਾਈ ਹੋਈ ਆਂ
श्री राधा हमारी गोरी गोरी, के नवल
यो तो कालो नहीं है मतवारो, जगत उज्य
राधिका गोरी से ब्रिज की छोरी से ,
मैया करादे मेरो ब्याह,
मेरी रसना से राधा राधा नाम निकले,
हर घडी हर पल, हर घडी हर पल।
ये सारे खेल तुम्हारे है
जग कहता खेल नसीबों का
किशोरी कुछ ऐसा इंतजाम हो जाए।
जुबा पे राधा राधा राधा नाम हो जाए॥
अपने दिल का दरवाजा हम खोल के सोते है
सपने में आ जाना मईया,ये बोल के सोते है
राधे राधे बोल, राधे राधे बोल,
बरसाने मे दोल, के मुख से राधे राधे बोल,
जीवन खतम हुआ तो जीने का ढंग आया
जब शमा बुझ गयी तो महफ़िल में रंग आया
मुझे रास आ गया है,
तेरे दर पे सर झुकाना
इतना तो करना स्वामी जब प्राण तन से
गोविन्द नाम लेकर, फिर प्राण तन से
तीनो लोकन से न्यारी राधा रानी हमारी।
राधा रानी हमारी, राधा रानी हमारी॥
श्यामा प्यारी मेरे साथ हैं,
फिर डरने की क्या बात है
फूलों में सज रहे हैं, श्री वृन्दावन
और संग में सज रही है वृषभानु की
जग में सुन्दर है दो नाम, चाहे कृष्ण
बोलो राम राम राम, बोलो श्याम श्याम
राधा ढूंढ रही किसी ने मेरा श्याम देखा
श्याम देखा घनश्याम देखा
सब के संकट दूर करेगी, यह बरसाने वाली,
बजाओ राधा नाम की ताली ।
तमन्ना यही है के उड के बरसाने आयुं मैं
आके बरसाने में तेरे दिल की हसरतो को