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Shreemad Bhagwat Katha by Shri Radhapriya ji Maharaj In July,2015 At Kolkata

Shreemad Bhagwat Katha - Shri Radhapriya ji Mharaj - Day 1, Kolkatta

Shreemad Bhagwat Katha - Shri Radhapriya ji Mharaj - Day 2, Kolkatta

Shreemad Bhagwat Katha - Shri Radhapriya ji Mharaj - Day 3, Kolkatta

Shreemad Bhagwat Katha - Shri Radhapriya ji Mharaj - Day 4, Kolkatta

Shreemad Bhagwat Katha - Shri Radhapriya ji Mharaj - Day 5, Kolkatta

Shreemad Bhagwat Katha - Shri Radhapriya ji Mharaj - Day 6, Kolkatta

Shreemad Bhagwat Katha - Shri Radhapriya ji Mharaj - Day 7, Kolkatta

Contents of this list:

Bhajan Lyrics View All

अपने दिल का दरवाजा हम खोल के सोते है
सपने में आ जाना मईया,ये बोल के सोते है
बहुत बड़ा दरबार तेरो बहुत बड़ा दरबार,
चाकर रखलो राधा रानी तेरा बहुत बड़ा
श्याम बुलाये राधा नहीं आये,
आजा मेरी प्यारी राधे बागो में झूला
जय राधे राधे, राधे राधे
जय राधे राधे, राधे राधे
ज़रा छलके ज़रा छलके वृदावन देखो
ज़रा हटके ज़रा हटके ज़माने से देखो
सब के संकट दूर करेगी, यह बरसाने वाली,
बजाओ राधा नाम की ताली ।
दिल की हर धड़कन से तेरा नाम निकलता है
तेरे दर्शन को मोहन तेरा दास तरसता है
तुम रूठे रहो मोहन,
हम तुमको मन लेंगे
कहना कहना आन पड़ी मैं तेरे द्वार ।
मुझे चाकर समझ निहार ॥
फूलों में सज रहे हैं, श्री वृन्दावन
और संग में सज रही है वृषभानु की
अच्युतम केशवं राम नारायणं,
कृष्ण दमोधराम वासुदेवं हरिं,
लाली की सुनके मैं आयी
कीरत मैया दे दे बधाई
राधे राधे बोल, राधे राधे बोल,
बरसाने मे दोल, के मुख से राधे राधे बोल,
मेरे जीवन की जुड़ गयी डोर, किशोरी तेरे
किशोरी तेरे चरणन में, महारानी तेरे
मुझे रास आ गया है, तेरे दर पे सर झुकाना
तुझे मिल गया पुजारी, मुझे मिल गया
मुझे चढ़ गया राधा रंग रंग, मुझे चढ़
श्री राधा नाम का रंग रंग, श्री राधा
तमन्ना यही है के उड के बरसाने आयुं मैं
आके बरसाने में तेरे दिल की हसरतो को
आँखों को इंतज़ार है सरकार आपका
ना जाने होगा कब हमें दीदार आपका
बांके बिहारी की देख छटा,
मेरो मन है गयो लटा पटा।
किशोरी कुछ ऐसा इंतजाम हो जाए।
जुबा पे राधा राधा राधा नाम हो जाए॥
हम प्रेम दीवानी हैं, वो प्रेम दीवाना।
ऐ उधो हमे ज्ञान की पोथी ना सुनाना॥
मुझे रास आ गया है,
तेरे दर पे सर झुकाना
मुझे चाहिए बस सहारा तुम्हारा,
के नैनों में गोविन्द नज़ारा तुम्हार
सांवरिया है सेठ ,मेरी राधा जी सेठानी
यह तो सारी दुनिया जाने है
हे राम, हे राम, हे राम, हे राम
जग में साचे तेरो नाम । हे राम...
वृदावन जाने को जी चाहता है,
राधे राधे गाने को जी चाहता है,
तेरी मुरली की धुन सुनने मैं बरसाने से
मैं बरसाने से आयी हूँ, मैं वृषभानु की
इक तारा वाजदा जी हर दम गोविन्द
जग ताने देंदा ए, तै मैनु कोई फरक नहीं
दुनिया से मैं हारा तो आया तेरे द्वार,
यहाँ से गर जो हरा कहाँ जाऊँगा सरकार
जिनको जिनको सेठ बनाया वो क्या
उनसे तो प्यार है हमसे तकरार है ।