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Sadhvi Chitralekha Devi ji

Sadhvi Chitralekha Deviji - Day 1 of 7 Shrimad Bhagwat Katha - Part 2 of 27

Sadhvi Chitralekha Deviji - Day 1 of 7 Shrimad Bhagwat Katha - Part 3 of 27

Sadhvi Chitralekha Deviji - Day 1 of 7 Shrimad Bhagwat Katha - Part 1 of 27

Sadhvi Chitralekha Deviji - Day 3 of 7 Shrimad Bhagwat Katha - Part 3 of 23

Sadhvi Chitralekha Deviji - Day 3 of 7 Shrimad Bhagwat Katha - Part 1 of 23

Sadhvi Chitralekha Deviji - Day 4 of 7 Shrimad Bhagwat Katha - Part 10 of 24

Contents of this list:

Sadhvi Chitralekha Deviji - Day 1 of 7 Shrimad Bhagwat Katha - Part 2 of 27
Sadhvi Chitralekha Deviji - Day 1 of 7 Shrimad Bhagwat Katha - Part 3 of 27
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Sadhvi Chitralekha Deviji - Day 3 of 7 Shrimad Bhagwat Katha - Part 3 of 23
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Sadhvi Chitralekha Deviji - Day 4 of 7 Shrimad Bhagwat Katha - Part 10 of 24

Bhajan Lyrics View All

रंगीलो राधावल्लभ लाल, जै जै जै श्री
विहरत संग लाडली बाल, जै जै जै श्री
हम राम जी के, राम जी हमारे हैं
वो तो दशरथ राज दुलारे हैं
वास देदो किशोरी जी बरसाना,
छोडो छोडो जी छोडो जी तरसाना ।
सब के संकट दूर करेगी, यह बरसाने वाली,
बजाओ राधा नाम की ताली ।
राधे राधे बोल, राधे राधे बोल,
बरसाने मे दोल, के मुख से राधे राधे बोल,
राधिका गोरी से ब्रिज की छोरी से ,
मैया करादे मेरो ब्याह,
हे राम, हे राम, हे राम, हे राम
जग में साचे तेरो नाम । हे राम...
बोल कान्हा बोल गलत काम कैसे हो गया,
बिना शादी के तू राधे श्याम कैसे हो
वृंदावन में हुकुम चले बरसाने वाली का,
कान्हा भी दीवाना है श्री श्यामा
ये सारे खेल तुम्हारे है
जग कहता खेल नसीबों का
फूलों में सज रहे हैं, श्री वृन्दावन
और संग में सज रही है वृषभानु की
श्यामा तेरे चरणों की गर धूल जो मिल
सच कहता हूँ मेरी तकदीर बदल जाए॥
तुम रूठे रहो मोहन,
हम तुमको मन लेंगे
यशोमती मैया से बोले नंदलाला,
राधा क्यूँ गोरी, मैं क्यूँ काला
राधा नाम की लगाई फुलवारी, के पत्ता
के पत्ता पत्ता श्याम बोलता, के पत्ता
बहुत बड़ा दरबार तेरो बहुत बड़ा दरबार,
चाकर रखलो राधा रानी तेरा बहुत बड़ा
कोई कहे गोविंदा, कोई गोपाला।
मैं तो कहुँ सांवरिया बाँसुरिया वाला॥
कहना कहना आन पड़ी मैं तेरे द्वार ।
मुझे चाकर समझ निहार ॥
मुझे रास आ गया है, तेरे दर पे सर झुकाना
तुझे मिल गया पुजारी, मुझे मिल गया
कान्हा की दीवानी बन जाउंगी,
दीवानी बन जाउंगी मस्तानी बन जाउंगी,
मुझे चाहिए बस सहारा तुम्हारा,
के नैनों में गोविन्द नज़ारा तुम्हार
ज़िंदगी मे हज़ारो का मेला जुड़ा
हंस जब जब उड़ा तब अकेला उड़ा
प्रीतम बोलो कब आओगे॥
बालम बोलो कब आओगे॥
मेरी करुणामयी सरकार, मिला दो ठाकुर से
कृपा करो भानु दुलारी, श्री राधे
मुँह फेर जिधर देखु मुझे तू ही नज़र आये
हम छोड़के दर तेरा अब और किधर जाये
मन चल वृंदावन धाम, रटेंगे राधे राधे
मिलेंगे कुंज बिहारी, ओढ़ के कांबल
मेरी विनती यही है राधा रानी, कृपा
मुझे तेरा ही सहारा महारानी, चरणों से
एक दिन वो भोले भंडारी बन कर के ब्रिज
पारवती भी मना कर ना माने त्रिपुरारी,
मेरे जीवन की जुड़ गयी डोर, किशोरी तेरे
किशोरी तेरे चरणन में, महारानी तेरे
लाली की सुनके मैं आयी
कीरत मैया दे दे बधाई