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Pravachan - Shri Rajeshwarnand Ji Maharaj - Day 1 (Prempuri Ashram, Mumbai)

Pravachan - Shri Rajeshwarnand Ji Maharaj - Day 2 (Prempuri Ashram, Mumbai)

Pravachan - Shri Rajeshwarnand Ji Maharaj - Day 3 (Prempuri Ashram, Mumbai)

Pravachan - Shri Rajeshwarnand Ji Maharaj - Day 4 (Prempuri Ashram, Mumbai)

Pravachan - Shri Rajeshwarnand Ji Maharaj - Day 5 (Prempuri Ashram, Mumbai)

Pravachan - Shri Rajeshwarnand Ji Maharaj - Day 6 (Prempuri Ashram, Mumbai)

Pravachan - Shri Rajeshwarnand Ji Maharaj - Day 7 (Prempuri Ashram, Mumbai)

Pravachan - Shri Rajeshwarnand Ji Maharaj - Day 8 (Prempuri Ashram, Mumbai)

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नटवर नागर नंदा, भजो रे मन गोविंदा
शयाम सुंदर मुख चंदा, भजो रे मन
किशोरी कुछ ऐसा इंतजाम हो जाए।
जुबा पे राधा राधा राधा नाम हो जाए॥
हो मेरी लाडो का नाम श्री राधा
श्री राधा श्री राधा, श्री राधा श्री
अपनी वाणी में अमृत घोल
अपनी वाणी में अमृत घोल
कैसे जिऊ मैं राधा रानी तेरे बिना
मेरा मन ही ना लागे तुम्हारे बिना
यशोमती मैया से बोले नंदलाला,
राधा क्यूँ गोरी, मैं क्यूँ काला
बहुत बड़ा दरबार तेरो बहुत बड़ा दरबार,
चाकर रखलो राधा रानी तेरा बहुत बड़ा
राधे मोरी बंसी कहा खो गयी,
कोई ना बताये और शाम हो गयी,
इक तारा वाजदा जी हर दम गोविन्द
जग ताने देंदा ए, तै मैनु कोई फरक नहीं
तेरी मंद मंद मुस्कनिया पे ,बलिहार
तेरी मंद मंद मुस्कनिया पे ,बलिहार
फूलों में सज रहे हैं, श्री वृन्दावन
और संग में सज रही है वृषभानु की
तमन्ना यही है के उड के बरसाने आयुं मैं
आके बरसाने में तेरे दिल की हसरतो को
हम राम जी के, राम जी हमारे हैं
वो तो दशरथ राज दुलारे हैं
ज़िंदगी मे हज़ारो का मेला जुड़ा
हंस जब जब उड़ा तब अकेला उड़ा
तेरी मुरली की धुन सुनने मैं बरसाने से
मैं बरसाने से आयी हूँ, मैं वृषभानु की
हर पल तेरे साथ मैं रहता हूँ,
डरने की क्या बात? जब मैं बैठा हूँ
मेरी करुणामयी सरकार पता नहीं क्या दे
क्या दे दे भई, क्या दे दे
ये सारे खेल तुम्हारे है
जग कहता खेल नसीबों का
जय राधे राधे, राधे राधे
जय राधे राधे, राधे राधे
प्रीतम बोलो कब आओगे॥
बालम बोलो कब आओगे॥
मेरा आपकी कृपा से,
सब काम हो रहा है
अपने दिल का दरवाजा हम खोल के सोते है
सपने में आ जाना मईया,ये बोल के सोते है
कान्हा की दीवानी बन जाउंगी,
दीवानी बन जाउंगी मस्तानी बन जाउंगी,
सब के संकट दूर करेगी, यह बरसाने वाली,
बजाओ राधा नाम की ताली ।
ज़रा छलके ज़रा छलके वृदावन देखो
ज़रा हटके ज़रा हटके ज़माने से देखो
सावरे से मिलने का सत्संग ही बहाना है ।
सारे दुःख दूर हुए, दिल बना दीवाना है ।
दाता एक राम, भिखारी सारी दुनिया ।
राम एक देवता, पुजारी सारी दुनिया ॥
तू राधे राधे गा ,
तोहे मिल जाएं सांवरियामिल जाएं
एक दिन वो भोले भंडारी बन कर के ब्रिज
पारवती भी मना कर ना माने त्रिपुरारी,
राधा कट दी है गलिआं दे मोड़ आज मेरे
श्याम ने आना घनश्याम ने आना