Share this page on following platforms.
Download Bhagwad Gita 2.1 Download BG 2.1 as Image

⮪ BG 1.47 Bhagwad Gita Brahma Vaishnava Sampradaya BG 2.2⮫

Bhagavad Gita Chapter 2 Verse 1

भगवद् गीता अध्याय 2 श्लोक 1

सञ्जय उवाच
तं तथा कृपयाऽविष्टमश्रुपूर्णाकुलेक्षणम्।
विषीदन्तमिदं वाक्यमुवाच मधुसूदनः।।2.1।।

हिंदी अनुवाद - स्वामी तेजोमयानंद

।।2.1।। संजय ने कहा -- इस प्रकार करुणा और विषाद से अभिभूत? अश्रुपूरित नेत्रों वाले आकुल अर्जुन से मधुसूदन ने यह वाक्य कहा।।

Brahma Vaishnava Sampradaya - Commentary

There is no commentary for this verse.